Saved Bookmarks
| 1. |
निम्नलिखित गद्यांश पढ़कर नीचे दिये गये प्रश्नों के उत्तर लिखिए:प्रायः अधिकांश लोग दूसरों के जीवन का अनुसरण करते हैं, इसी में उनको सुख मिलता है। अपनी ताकत को न पहचानकर दूसरों के पीछे निरुद्देश्य चलना केवल अंधानुकरण है। सड़क के किनारे पड़े सूखे पत्ते कमज़ोर और निर्जीव होने पर भी स्वयं को सबके समान गतिशील समझते हैं। दूसरों के बल पर जीने वाले, दूसरों की नीति की नकल करने वाले कभी प्रगति नहीं कर सकते। वास्तविक प्रगति के लिए मनुष्य को समय के साथ निज-बल से आगे बढ़ना चाहिए। निज-बल ही सर्वोपरि है, जो मनुष्य को जीवन की ऊँचाइयों तक पहुंचाता है।1. दूसरों को प्रायः सुख कैसे मिलता है?2. अंधानुकरण से क्या तात्पर्य है?3. सड़क के किनारे पड़े पत्ते कैसे हैं?4. मनुष्य जीवन में ऊँचाइयों तक कैसे पहुंच सकता है |
|
Answer» 1. प्रायः अधिकांश लोग दूसरों के जीवन का अनुसरण करते हैं, इसी में उनको सुख मिलता है। 2. अपनी ताकत को न पहचानकर दूसरों के पीछे निरुद्देश्य चलना केवल अंधानुकरण है। 3. सड़क के किनारे पड़े सूखे पत्ते कमजोर और निर्जीव होने पर भी स्वयं को सबके समान गतिशील समझते हैं। 4. वास्तविक प्रगति के लिए मनुष्य को समय के साथ निज-बल से आगे बढ़ना चाहिए। निज-बल ही सर्वोपरि है, जो मनुष्य को जीवन की ऊँचाइयों तक पहुंचाता है। |
|