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यंग के double slit प्रयोग में आवश्यक रूप से शामिल...
1.
यंग के double slit प्रयोग में आवश्यक रूप से शामिल हैA. विवर्तनB. व्यतिकरणC. परावर्तनD. अपवर्तन
Answer» Correct Answer - A::B
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प्रकाश के विवर्तन की घटना को समझा जा सकता हैA. परावर्तन के नियमों सेB. अपवर्तन के नियम सेC. Fermat के सिद्धांत सेD. Huygens के द्वितीयक तरंगिका सिद्धांत से
दो स्त्रोतों के विवर्तन डिस्क एक पर्दे पर प्राप्त किए जा रहे हैं एवं वे एक-दूसरे को आंशिक रूप से आच्छादित कर रहे हैं। ये एक-दूसरे से विभेदित नहीं हो रहे हैं। इन्हे विभेदित करने के लिएA. पर्दे को बड़ा कर देना चाहिए।B. पर्दे को विवर्तनकर्ता के पास लाना चाहिए।C. पर्दे को विवर्तनकर्ता से दूर ले जाना चाहिए।D. विवर्तनकर्ता को स्त्रोतों के पास लाना चाहिए।
एक स्लिट से प्रकाश के Fraunhofer विवर्तन मेंA. सभी फ्रिजों की चौड़ाइयाँ बराबर होती हैं।B. केंद्रीय फ्रिंज की चौड़ाई सबसे अधिक होती है।C. केंद्रीय फ्रिंज की चौड़ाई सबसे कम होती है।D. सभी दीप्त फ़्रिंजों की तीव्रता बराबर होती है।
विवर्तन का विस्तारपूर्वक प्रयोगिक अध्ययन करनेवाले प्रमुख वैज्ञानिक थेA. NewtonB. HuygensC. FraunhoferD. Fresnel
450 nm तरंगदैर्घ्य का प्रकाश `0.2` mm चौड़े स्लिट पर लम्बवत पड़ रहा है। वह कोणीय विस्तार बताएँ जिसमे अधिकतर प्रकाश विवर्तित होता है।
546 nm तरंगदैर्घ्य का एकवर्णी प्रकाश 0.40 mm चौड़ी स्लिट पर लम्बवत पड़ता है। स्लिट से निकलनेवाला प्रकाश 4.0 दूर रखे पर्दे पर पड़ता है। केंद्रीय स्थान के एक और क्रमागत अदीप्त फ़्रिंजों के बीच की दुरी निकालें।
एक स्लिट की चौड़ाई `20 mu m` है जिससे Fraunhofer विवर्तन हो रहा है। केंद्रीय दीप्त फ्रिज की तीव्रता `I_(0)` है। इस फ्रिंज के बाद तीसरी दीप्त फ्रिंज की तीव्रता निकालें।
तरंगदैर्घ्य 590 nm के प्रकाश की एक बीमा 10 cm व्यास वाले उत्तल लेंस से संसृत की जाती है। लेंस से 20 cm की दुरी पर सर्वोत्तम फोकसिंग होती है इस तरह बने प्रतिबिम्ब का व्यास निकालें।
एक लेसर टॉर्च लाल रंग का प्रकाश पैदा कर रहा है। यह प्रकाश 0.10 mm चौड़े स्लिट से विवर्तित होकर 2.0 दूर रखे पर्दे पर फ्रिंज पैटर्न बनाता है। यदि केंद्रीय फ्रिंज के बाद पहली दीप्त फ्रिंज केंद्र से 1.9 cm दुरी पर बनाती है, तो लेसर प्रकाश का तरंगदैर्घ्य निकालें।
एक स्लिट से प्रकाश के Fraunhofer विवर्तन में जहाँ पहली अदीप्त फ्रिंज बनाती हैं उस स्थान पर, स्लिट के किनारों से आती तरंगों के प्रकाशीय पथ का अंतर होता हैA. `lambda`B. `lambda/2`C. `lambda/4`D. `lambda/8`
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