Explore topic-wise InterviewSolutions in Current Affairs.

This section includes 7 InterviewSolutions, each offering curated multiple-choice questions to sharpen your Current Affairs knowledge and support exam preparation. Choose a topic below to get started.

1.

बच्चों के प्रति निकुंभ सर के विचारकैसे हैं?​

Answer» BAHUT ACCHE THEExplanation:
2.

Define Dakshin Bharat ki Paanch bhasha​

Answer» TELUGU MALAYALAM TAMIL
3.

Make sentence with brahmar

Answer»

your QUESTION SPELLING mistakesplease CHECK your spelling

4.

Fusfusahat summary written by manojdas in Hindi​

Answer»

don't KNOW .SORRY.....

5.

सर्व शिक्षा अभियान par nibandh Do not copy from internet pls Best nibandh will be marked as the brainliest

Answer» TION:I I THINK OK it will HELP you
6.

Grahni aur sabziwale ke beech baatcheet likiye​

Answer» SEE in above PHOTO I GIVE you
7.

Maa aur putri ki adhyapika ke beech putri ki padhai ko lekar baatcheet likhiye​

Answer»

tion:Maa - beta pariksha ki tayarian ho gayi kya?beti - maa, kal hindi ki pariksha hai... maine uske liye sabh kuch pardh liya hai.maa - THEEK hai beta, lekin baki parikshaon ke liye kab pardhogi?beti - are maa, aap kyun chinta kar RAHI ho?Maa - beta ye SABSE akhri pariksha hai... iske liye ache se pardhna pardhega... beti - theek hai maa.. MAIN abhi pardhne baith JAATI hu.

8.

Manushya aapne kin guno ko aapnakar uncha uth sakta he​

Answer»

manushya AAPNE ache GUNO ko aapnakar uncha UTH sakta he

9.

What is mean by ristha​

Answer»

nship is KNOWN as "RISTA"HOPE U UNDERSTAND ⭐⭐follow me

10.

नीचे दिए गए प्रश्नों के एक शब्द में उत्तर दीजिए । (क) पंजाब राज्यस्य राजधानी किम्?(ख) कस्य गुरुद्वारम् सर्वत्र प्रसिद्धम्?(ग) पंजाब प्रदेशस्य भाषा का?(घ) आदिग्रन्थसाहबः इति केषां धर्मग्रन्थः?​

Answer» PUNJAB RAJDHANI - ChandigarhPunjab GURDWARA sarvatam prsidhmPunjabi BHASHA.
11.

समवायः उपयुक्तम् विख्यातम् 2. नीचे दिए गए प्रश्नों के एक शब्द में उत्तर दीजिए(क) पंजाब राज्यस्य राजधानी किम्?(ख) कस्य गुरुद्वारम् सर्वत्र प्रसिद्धम्?(ग) पंजाब प्रदेशस्य भाषा का?(घ) आदिग्रन्थसाहबः इति केषां धर्मग्रन्थः?​

Answer»

(क)अमृत्सर(ख)गोल्डन टेमपल(ग)पंजाबी(घ)सिख

12.

गायन्ति देवाः किल गीतिकानि धन्यास्तु ते भारतभूमिभागे। स्वर्गापवर्गास्पदहेतुभूत भवन्ति भूयः पुरुषाः सुरत्वात्। meaning in hindi​

Answer»

यह भारत भूमी धन्य है जिसे गाय जैसी देवता मानने वाला पशु का लाभ हुआ है।

13.

Sandhi viched Kijiye aur Sandhi Ka Bhed likhiye rachnakar in hindiDigambar ka Sandhi viched kijiye ​

Answer»

are SENTENCE to do TABHI SANDHI VICCHED KREN

14.

యూజెస్ ఆఫ్ ట్రీస్ ఇన్ హిందీ​

Answer»

m ANDHRA PRADESH

15.

Mulya ka bahuvachan​

Answer»

bahumulya is the PLURAL of mulyamark it as BRAINLIST

16.

Amul Doodh Vigyapan​

Answer» TV dekhoExplanation:
17.

Badalne ki chamta hi budhimata Ka map h in hindi topic​

Answer»

बदलने और बदलाव  लेने की क्षमता ही बुद्धिमत्ता का माप है| यह बिलकुल सत्य है , समय के साथ अच्छे काम के लिए बदलना बहुत जरूरी है और यही एक समझदारी है | समय के साथ बुत सारी चीज़ें बदल रही है,  और बहुत सारे ने नए आविष्कार हो रहे है | इसलिए सफल होने के लिए हमें भी समय के साथ बदलना चाहिए और नए-नए चीज़ें और बातों को समझना चाहिए | बुद्धिमत्ता यह है कि कोई भी अध्ययन, समझ और सीखने के द्वारा सुधार कर सकता है।   बात करें तो हमें अपनी पुरानी सोच को बदलने में ही बुद्धिमत्ता है | जब हम अपनी पुरानी सोच बदलेंगे तभी हम नया सिख पाएंगे | देश आगे बढ़ पाएगा आगे प्रगति होगी |  जिन बातों और सोच में बदलने और अच्छा सीखने को न मिले तो हमें वह सोच खत्म कर देनी चाहिए |   आज भी समाज  मैं बहुत सारी पुरानी  बाते है जो लोग मानते है , जैसे लडकियों  को स्कूल नहीं जाने देना , उनकी जल्दी शादी करवा देना |  भेद-भाव रखना , जाती-वाद , दहेज प्रथा यह सब हमें खत्म करने की जरूरत है | इसी  पुरानी सोच के कारण हम पीछे है , अगर हम यह सोच बदल देंगे और नया सोच बनाएंगे सब जगह प्रगति होगी |

18.

वाक्य बनाओ गवनेर्नस- रूबल- भीरु- ज़्यादतिया- अनर्थ - बोदा- अस्तित्व-

Answer»

जूलिया हमारे यहां गवर्नेस थी।हमारे यहां जूलिया को पांच रूबल मिलते है।यहां पर दब्बू ,भीरू ,लोगो की कोई जगह नहीं है।जूलिया के साथ बहुत ज्यादतियां हुई।सीशा टूटना बहुत अनर्थ माना जाता है।यह हमारे अस्तित्व की BAAT h।

19.

Please tell the meaning of this in hindi

Answer»

s that the Sanskrit means the world which we are living is known as INDIA so it is known as BHARAT also so what is this SAYING the total it is saying that we are if we are living in this world Bharat it will be means it is like heaven AUR paradise we are proud to be means a INDIAN

20.

Pita ji to paise mangvaun layi patra​

Answer»

ternoon have a GREAT DAY

21.

वाक्य बनाओ Pls make two sentence each गवनेर्नस- रूबल- भीरु- ज़्यादतिया- अनर्थ - बोदा- अस्तित्व- Pls answer 2 each..

Answer»

yeah anarth HO gaya hai YEH MERI Shakti hai astitva KI

22.

Jis Desh Mein Ganga Behti Hai part ka Saransh in hindi​

Answer»

tion:Saransh the Ganga India MEIN Ganga India mein BHARTI hai wah bahut badi Nadi Hai vah Himalay se chutti hai HUA HIMALAYA KI Beti bhi Kaha Jati Hai Ganga West Bengal aur Kahin deshon Kahin States Mein Paye Jate Hain Ganga se Hamein Pani Milta hai aur Ganga Hamare Liye

23.

Four Hindi words from Lohpathgamini

Answer»

LohaPatniPatiIs it RIGHT

24.

3. गरमी में बड़े घर के कुत्तों को प्राप्त सुविधाओं और आम आदमी की मजबूरी की तुलना कीजिए।​

Answer»

जानकारी देते तो हम क्या करें क्या करते रहते और वो अपने आप की बात करने वाली टीम के कप्तान एबी की आप सभी सादर अभिवादन करते है लेकिन एक किसान अपने पति ने उसे भी मजा आता था कि एक किसान के लिए गए निर्णय करने का प्रयास शामिल होने तक के सबसे पुराने अंदाज कर रहा नहीं किया गया कि आप सभी जानते कि अगर आपको अपनी बेटी से अपने फैसले का जन्मदिन आज सुबह एक आदमी अपनी कहानी आप की ये है तो आप किसी भी अपनी बाहों को भी तो हम दर की तरह लग जाता हैं जो अपनी मां की कोशिश कर सकता हैं या नहीं था लेकिन ये दोनों ने पूछा की आप किसी को किसी की भी असर को भी नहीं कर सकती तो वो अपने घर के पास ले गए थे वे अपने कमरे से अधिक की कमाई के बारे जानकारी आपके पर्स में दिखाया जाएगा तो उसमे एक ऐसा ही रह कर लिया तो हम भी अधिक से एक की बात कही न कर लिया गया निर्णय को अपनी।

25.

Make the story of this outline. plz mates I will mark you as brain list ​

Answer»

ek raja tha unka naam raja manmohak tha vo sundarban rjaya ka raja tha vo BHUT smjhdar tha pr dokhe see padosi rajya ne manmohak ka rajya chen liya .or unka sare mahal pe kabza or liya . or or unko lut liya. or unke sare rajya valo ko darawa diya or unke rajya k logo KO bhi out liya or jese tese bach k raja ek gufa me ja phuche to unhone dekha vha andar lakdiya thee or unhone lakdiya the jisse unhone ek mashal tyre ki or aag jalai mosum me badlv aa gya.or barish hone lgi fir unhone dekha ek makdi chati fir girti or fir chadne lgti isse raja no sikh mili ki hnehsa prayas Krte rho or kbi haar na maano or hnehssa parayas krte rho.fir unhone rajya valo SE baatcheect kr fir se rannneeti banayi or sujbhuj se fir see tyrri ki or uska nateeza unhone aakraman KIYA or padosi rajaya k raja no hara diya or apne rajya vapa LE liya . or unhe jheil me daal diyasikh= kbhi haaar mtt Mano hmesha parayas krte rho jeet tumhrahi hi hogifollow me if u like

26.

बदलने की क्षमता ही बुद्धिमता की पहचान है/500 शब्द निबंध​

Answer»

बदलने और बदलाव  लेने की क्षमता ही बुद्धिमत्ता का माप है | यह बिलकुल सत्य है , समय के साथ अच्छे काम के लिए बदलना बहुत जरूरी है और यही एक समझदारी है | समय के साथ बुत सारी चीज़ें बदल रही है,  और बहुत सारे ने नए आविष्कार हो रहे है | इसलिए सफल होने के लिए हमें भी समय के साथ बदलना चाहिए और नए-नए चीज़ें और बातों को समझना चाहिए | बुद्धिमत्ता यह है कि कोई भी अध्ययन, समझ और सीखने के द्वारा सुधार कर सकता है।  बात करें तो हमें अपनी पुरानी सोच को बदलने में ही बुद्धिमत्ता है | जब हम अपनी पुरानी सोच बदलेंगे तभी हम नया सिख पाएंगे | देश आगे बढ़ पाएगा आगे प्रगति होगी | जिन बातों और सोच में बदलने और अच्छा सीखने को न मिले तो हमें वह सोच खत्म कर देनी चाहिए |  आज भी समाज  मैं बहुत सारी पुरानी  बाते है जो लोग मानते है , जैसे लडकियों  को स्कूल नहीं जाने देना , उनकी जल्दी शादी करवा देना | भेद-भाव रखना , जाती-वाद , दहेज प्रथा यह सब हमें खत्म करने की जरूरत है | इसी  पुरानी सोच के कारण हम पीछे है , अगर हम यह सोच बदल देंगे और नया सोच बनाएंगे सब जगह प्रगति होगी |   बदलाव जीवन का खुबसुरत  अनुभव  है । जीवन वस्तुतः परिवर्तनशील ही है और यह परिवर्तन या बदलाव बदलाव मनुष्य के विकास में साधक बनकर समय-समय पर चुनौती के रुप में आते हैं | इस तरह ये क्रम चलता रहता है | मनुष्य के द्वारा बदलाव इनका स्वीकार एक मानसिकता का प्रतीक और बुद्धिमत्ता तथा प्रगति शील होने का कारण  है।  जैसे हम इतिहास को पलट कर देखते हैं तो हमारे अतीत में कई प्रकार के बदलाव आए है| पहले आदि मानव किस प्रकार अपना जीवन व्यतीत करता था , धीरे-धीरे बदलाव के कारण वह बदलता गया और नए आविष्कार करता गया , और अच्छा जीवन व्यतीत करने लग गया | यह इस तथ्य का परिचायक है कि जीवन में जो घटनाएं घट चुकी हैं उन्हीं से सीख कर मनुष्य आगे बढ़ना चाहता है। वह अग्रसर होता है जब वह स्वयं को इन बदलावों में ढाल लेता है | जिस तरह मनुष्य अपने जीवन में एक बच्चे से बड़े होता है और धीरे-धीरे अलग-अलग अवस्था में परिवर्तित होता रहता है | बदलाव या परिवर्तन दुनिया का कानून है | यह भी  सच्च है कि विभिन्न अवस्थाओं में मनुष्य की अलग-अलग रुचियाँ होती है, पर  जो आज वर्तमान है कल अतीत बन जाता है | समय के साथ सब बदल जाता है और हम भी बदल जाते है |  समय के साथ बदलाव अपनाना ही सही निर्णय है | अच्छे काम के लिए बदलना बुरी बात नहीं है | अच्छा बदलाव हमें हमेशा अच्छे रास्ते के और लेकर जाता है | जो लोग समय  साथ बदलने की सोच रखते है वह हमेशा जीवन खुशी से व्यतीत करते है और सफलता पाते है | इसीलिए हर मनुष्य को बदलाव के पीछे की अच्छाई देखनी चाहिए और बदलना चाहिए |

27.

Jivan maain hasya ka mahatav pr apne vichar likhye.......plz ans this question​

Answer»

हिंदी साहित्य में नव रस माने गये हैं| हास्य रस उनमें से एक है| हास्य एक ऐसीपूँजी है जो हंसने वाले को तो स्वस्थ बनाती ही है, आस-पास वालों को भी मालामाल कर देतीहै| हास्य रस का आनंद लेने के लिए आवश्यक है कि आपके आस-पास सकारात्मक उर्जा वाले लोगहो जो सर्वदा माहौल को खुशनुमा बनाये रखे| आज के आपाधापी के युग में इतना समय किसीके पास नहीं कि वो ऐसे मित्र खोजने जाये| तो हमारे पास हास्य रस के कवि, चार्ली चैपलिन,मिस्टर बीन सरीखे   किरदार , पुस्तकें और इंटरनेटपर  मनोरंजक सामग्री सुलभ है| वर्तमान में अधिकांशलोग तनाव व अनिद्रा से पीड़ित है | ये लक्षण आगे चलकर रक्तचाप, मधुमेह, एसिडिटी जैसी बीमारियों में बदल जाते है| अत: अगरकिसी को स्वस्थ रहना है तो मुफ्त का इलाज है हँसते रहिये| परिस्थितियाँ तो अस्थायीहै पर हमें अपनी हंसी स्थाई रखनी चाहिए| ये रामबाण और अचूक उपचार है| आजकल ऐसे क्लबभी प्रचलन में हैं जहा हंसी को थेरेपी के रूप में इस्तेमाल करके लोगों को सकारात्मकजीवन जीने का संदेश दिया जाता है| हंसने से मुख की मांसपेशियों का व्यायाम होता है|रक्त संचरण सामान्य रहता है| पशु- पक्षी तक भी अपने हाव-भाव से अपनी ख़ुशी प्रकट करदेते है| मोर का नृत्य तो प्रसिद्ध है| चौपाये मालिक को चाटकर, कुत्ते पावों में लोटकरअपनी हंसी अभिव्यक्त करते है| हम इंसानों की एक मुसकराहट सामने वाले को बता देती हैकि हम घर पर है अर्थात हम आत्मनियंत्रित है| ज्यादातर फ़िल्में हास्य कलाकारों के बिनाअपूर्ण सी लगती है| पूर्व में संस्कृत और हिंदी के नाटकों में विदूषक की उपस्थिति अनिवार्यहोती थी| चाचा चौधरी, तेनाली रामा, बिल्लू, पिंकी जैसे हास्य चरित्र किसी समय में किशोरोंकी पहली पसंद थे| अत: सार रूप में कह सकते है कि हंसने का माध्यम कोई भी क्यों न होहमें हर स्थिति में हँसने को प्राथमिकता देनी चाहिए ताकि हम तनाव भगाकर सर्वप्रिय बनसके| जीवन में हास्य का वही महत्व है जो भोजन में नमक का है|

28.

What is the meaning of ghav Hara hona​

Answer»

kasht ya DU:kh KI GHADI yad ana aur phalatah vahi PURANA kasht ya du:kh anubhoot karan

29.

Nadi par 5 points plz send me fast

Answer»

ives US water.*they carry many nutrients and water SUPPLY for that area*it is also used for the FARMING PURPOSE*it provides travel routes*some necessary nutrients can also be found there...I guess this much is enough

30.

कथम् इमं ज्ञातुम् शक्यते ।n hindi This is a sanskrit word

Answer»

he GYAN HAI ..

31.

please answer this question this is the question of class 8 and in sanskrit translate It into hindi and chapter...bladupaya shreyaan​

Answer»

this that EVERYONE is same for GOD

32.

प्र.1. निम्नलिखित में अगला क्रम क्या होगा? CR LB TM SIT(1) PK (2) UK(3) DG(SORG10तार्किक अभियोग्यता​

Answer»

ukExplanation:i THNK that s the CORRECT ANSWER of your QUESTION

33.

येषां न विद्या न तपो न दानं, ज्ञानं न शीलं न गुणो न धर्मः। ते मृत्युलोके भुवि भारभूताः, मनुष्यरुपेण मृगाश्चरन्ति।।1।।bhavarth​

Answer»

ास न तो विद्या है न दान करता है न ज्ञान है न शील है न गुण है न ही धर्म है Iवे इस मृत्युलोक के भूमि पर भार हैं और मनुष्य के रूप में पशु के समान जी रहे हैं IPLEASE MARK as BRAINLIEST....

34.

Vidyarthi Jeevan Mein anushasan ka ITI sambhar ​

Answer»

vidyarthiyon ke JEEVAN Mein ADHYAPAK ki Adhyapak ki sahayata Lene se SHIKSHAK Shikshak Shikshak VIDYARTHI Jeevan Ke Liye Hamesha Nahi CHAHIYE Vidyarthi Jeevan Jeevan Hai use karti hai

35.

Badalne ki shamta hi buddhimatta ka maap hai​

Answer»

बदलने और बदलाव  लेने की क्षमता ही बुद्धिमत्ता का माप है | बदलने और बदलाव  लेने की क्षमता ही बुद्धिमत्ता का माप है | यह बिलकुल सत्य है , समय के साथ अच्छे काम के लिए बदलना बहुत जरूरी है और यही एक समझदारी है | समय के साथ बुत सारी चीज़ें बदल रही है,  और बहुत सारे ने नए आविष्कार हो रहे है | इसलिए सफल होने के लिए हमें भी समय के साथ बदलना चाहिए और नए-नए चीज़ें और बातों को समझना चाहिए | बुद्धिमत्ता यह है कि कोई भी अध्ययन, समझ और सीखने के द्वारा सुधार कर सकता है।  बात करें तो हमें अपनी पुरानी सोच को बदलने में ही बुद्धिमत्ता है | जब हम अपनी पुरानी सोच बदलेंगे तभी हम नया सिख पाएंगे | देश आगे बढ़ पाएगा आगे प्रगति होगी |  जिन बातों और सोच में बदलने और अच्छा सीखने को न मिले तो हमें वह सोच खत्म कर देनी चाहिए |  आज भी समाज  मैं बहुत सारी पुरानी  बाते है जो लोग मानते है , जैसे लडकियों  को स्कूल नहीं जाने देना , उनकी जल्दी शादी करवा देना |  भेद-भाव रखना , जाती-वाद , दहेज प्रथा यह सब हमें खत्म करने की जरूरत है | इसी  पुरानी सोच के कारण हम पीछे है , अगर हम यह सोच बदल देंगे और नया सोच बनाएंगे सब जगह प्रगति होगी |  बदलाव जीवन का खुबसुरत  अनुभव  है । जीवन वस्तुतः परिवर्तनशील ही है और यह परिवर्तन या बदलाव बदलाव मनुष्य के विकास में साधक बनकर समय-समय पर चुनौती के रुप में आते हैं | इस तरह ये क्रम चलता रहता है | मनुष्य के द्वारा बदलाव इनका स्वीकार एक मानसिकता का प्रतीक और बुद्धिमत्ता तथा प्रगति शील होने का कारण  है। जैसे हम इतिहास को पलट कर देखते हैं तो हमारे अतीत में कई प्रकार के बदलाव आए है| पहले आदि मानव किस प्रकार अपना जीवन व्यतीत करता था , धीरे-धीरे बदलाव के कारण वह बदलता गया और नए आविष्कार करता गया , और अच्छा जीवन व्यतीत करने लग गया | यह इस तथ्य का परिचायक है कि जीवन में जो घटनाएं घट चुकी हैं उन्हीं से सीख कर मनुष्य आगे बढ़ना चाहता है। वह अग्रसर होता है जब वह स्वयं को इन बदलावों में ढाल लेता है |जिस तरह मनुष्य अपने जीवन में एक बच्चे से बड़े होता है और धीरे-धीरे अलग-अलग अवस्था में परिवर्तित होता रहता है | बदलाव या परिवर्तन दुनिया का कानून है | यह भी  सच्च है कि विभिन्न अवस्थाओं में मनुष्य की अलग-अलग रुचियाँ होती है, पर  जो आज वर्तमान है कल अतीत बन जाता है | समय के साथ सब बदल जाता है और हम भी बदल जाते है |  समय के साथ बदलाव अपनाना ही सही निर्णय है | अच्छे काम के लिए बदलना बुरी बात नहीं है | अच्छा बदलाव हमें हमेशा अच्छे रास्ते के और लेकर जाता है | जो लोग समय  साथ बदलने की सोच रखते है वह हमेशा जीवन खुशी से व्यतीत करते है और सफलता पाते है | इसीलिए हर मनुष्य को बदलाव के पीछे की अच्छाई देखनी चाहिए और बदलना चाहिए |

36.

Ghulam Kise Kehte Hain Hindi mein 5 line​

Answer»

akti JO kisi or viyakti k adeen HO OT OSKA HAR ek hukam maan ne k liye majboor hoose gulaam khte haimark me please

37.

मनुष्य रूप में कवि जन्म लेने पर कहाँ बसना चाहता है ?​

Answer» YOG or veragy K SADHNA MAI
38.

आधूना meaning in hindi ( This is a sanskrit word)

Answer» MEANS NEECHE........ #sumedhian❤❤
39.

About train in Hindi 10 sentences​

Answer» ATE .ANSWER ⏬ ⏺️ रेलगाड़ी यातायात के आधुनिक साधनों में से एक है। भाप इंजन से डीजल के इंजन और फिर बिजली के इंजनों तक का इसका सफर शानदार रहा है। रफ्तार में भी इसका जवाब नहीं, कहीं 50 किमी प्रति घंटा, कहीं 100 किमी, कहीं तो 300 किमी प्रति घंटे की गति से दौड़ती है यह। भारत में ट्रेनों की अधिकतम गति वर्तमान में 130 किमी प्रति घंटा है जिसे बढ़ाने के प्रयास किए जा रहे हैं। जापान की बुलेट ट्रेन 300 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलती है। छुक-छुक करती रेलगाड़ी यात्रियों को उनकी मंजिल तक पहुंचाने में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाती है।मंजिल तक पहुंचाने में महत्त्वपूर्ण भूमिका निभाती है।जब जेम्स वाट ने भाप की शक्ति से चलनेवाला पहला इंजन बनाया तब रेलगाड़ी का जन्म हुआ। रेल की पटरियों बिछाई गई। रेल के इंजन और बोगियाँ बनने लगीं। रेलवे प्लेटफॉर्म और रेलवे स्टेशन बने। भारत में 1856 में पहली रेलगाडी 32 किम का सफर तय करती हुई मुंबई से थाणे के बीच चली । इसके बाद रेल सेवा का विस्तार होता गया । हजारों किमी की रेल की पटरियाँ बिछाई गई ।से थाणे के बीच चली । इसके बाद रेल सेवा का विस्तार होता गया । हजारों किमी की रेल की पटरियाँ बिछाई गई ।रेलयात्रा को सुगम बनाने के प्रयास हुए । चित्तरंजन और वाराणसी में रेल इंजन बनाने का कारखाना स्थापित किया गया । कपूरथला में रेलवे कोच फैक्ट्री खोली गई । कोलकाता में भूमिगत मैट्रो ट्रेन की शुरूआत हुई । सन् 2002 में राजधानी दिल्ली में मैट्रो रेल सेवा का आरंभ हुआ । कुछ अन्य महानगरों में भी मैट्रो रेल योजना का कार्यक्रम तय किया गया । सन् 2009 के रेलवे बजट में जापान की तर्ज पर तेज गति वाली बुलेट ट्रेन चलाने की संभावनाओं का पता लगाने का काम आरंभ हुआ ।HOPE THIS HELPS YOUPLEASE FOLLOW ME ✌️MARK ME AS BRAINLIST
40.

बड़भागी किसे और क्यों कहा गया है?​

Answer»

badbhagi udoh KO KHAN GYA HAI

41.

Tell the story of chandra shekhar azad when he was sitting in the park and had a fight with the englishmen in short

Answer»

chandra shekhar AZAD was the great FREEDOM FIGHTER .if you have any PROBLEM please ask this question again

42.

Is hindi subject scoring in boards??!?

Answer»

yaaaaa,hindi , SOCIAL SCIENCE and ENGLISH are SCORING subjects in boards.

43.

समुद्र पर्यंत का समस्त पद और समास

Answer»

अव्ययीभाव समास EXPLANATION:अव्ययीभाव समास में पहला पद अब वह होता है जिसका अर्थ है पहला पद प्रधान होता है। चूँकि इसमें अव्यय का सहयोग होता है इसलिए समस्त पद भी अव्यय बन जाता है। अव्ययीभाव के उदाहरण निम्नलिखित है:हरघड़ी- घड़ी घड़ी हाथोंहाथ - एक हाथ से दूसरे हाथ कानो-कान एक कान से दूसरे कान।और अधिक जानें: दिए गए समास के दो दो उदहारण दीजिये brainly.in/question/11142971

44.

आदमी की प्रवृत्तियों का उल्लेख कीजिए।​

Answer»

की प्रवृत्तियों का उल्लेख कीजिए।​➲   इस संसार में अलग-अलग प्रवृत्ति के आदमी पाए जाते हैं। हर आदमी की प्रवृत्ति दूसरे से कुछ अलग होती है। कुछ लोगों की प्रवृत्ति दूसरों की सहायता करने की होती है तो कुछ लोगों की प्रवृत्ति भाईचारा फैलाने की होती है। कुछ लोग अपना सर्वस्व दूसरों को अर्पण कर देना चाहते हैं, तो वही कुछ लोग विनम्र, दयालु और सज्जन प्रवृत्ति के होते हैं। कुछ लोगों की प्रवृत्ति हिंसात्मक होती है,  कुछ लोग गलत राह पर चलने वाले और गलत आदतों को अपनाने वाले होते हैं। कुछ लोग सदैव झगड़ा करने वाले या दूसरों के लिए मुसीबतें पैदा करने वाले होते हैं। यानी इस संसार में भिन्न-भिन्न प्रवृत्ति के इंसान पाए जाते हैं। जहां सद्गुणों से युक्त सज्जनता जैसी प्रवृत्ति वाले लोग होते हैं, तो वही जो दुर्गुणों से युक्त दुष्ट प्रवृत्ति वाले दुर्जन व्यक्ति भी पाए जाते हैं। लेखक का कहने का तात्पर्य यह है कि इस संसार में विरोधाभास है और हर प्रवृत्ति के लोग पाए जाते हैं। जहाँ मनुष्य दूसरों के दुख का कारण बनता है तो वहीं किसी के दुख का निवारण भी करता है। यानी इस संसार में अच्छे एवं बुरे दोनों तरह के मनुष्य पाए जाते हैं।○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○○

45.

Kavi dev ne shree krshna ko braj doolhe kyon kaha hai ​

Answer»
46.

किसी भी क्रिया को संपन्न अथवा पूरा करने में जो भी संज्ञा आदि शब्द संलग्न होते हैं, वे अपनी अलग-अलग भूमिकाओं के अनुसार अलग-अलग कारकों में वाक्य में दिखाई पड़ते हैं; जैसे-“ वह हाथों से शिकार को जकड़ लेती थी।”

Answer»

क) यदि संसार में बदलू को किसी बात से चिढ़ थी तो वह थी काँच की चूडि़यों से। संसार में - अधिकरण कारक बदलू को - कर्मकारक किसी बात से- अपादान कारक काँच की चूडि़यों- संबंध कारक ख) पत्र-संस्कृति विकसित करने के लिए स्कूली पाठ्यक्रमों में पत्र-लेखन का विषय भी शामिल किया गया। विकसित करने के लिए- संप्रदान कारक पाठ्यक्रमों में- अधिकरण कारक पत्र-लेखन का- संबंध कारक (ग) कुछ नौजवानों ने ड्राइवर को पकड़कर मारने-पीटने का मन बनाया। नौजवानों ने- कर्ता कारक ड्राइवर को- कर्म कारक घ) मैं आगे बढ़ा ही था कि बेरे की झाड़ी पर से मोती-सी बूँद मेरे हाथ पर आ गिरी। मैं - कर्ता कारक बेर की - संबंध कारक झाड़ी पर से - अपादान कारक मेरे हाथ पर - अधिकरण कारक

47.

Few lines about Rabindranath Tagore

Answer»

tion:Rabindranath Tagore , and also known by his SOBRIQUETS GURUDEV, Kabiguru, and Biswakabi, was a polymath, poet, musician, and artist from the Indian subcontinent. He RESHAPED Bengali literature and MUSIC, as well as Indian ART with Contextual Modernism in the late 19th and early 20th centuries.

48.

Thoughts and speech on save water ​in hindi or English or punjabi

Answer»

tion:We should SAVE WATER to preserve our environment.It HELPS in reducing pollution and conserving FUEL

49.

Meaning of the line which is underlined.this line is from the chapter आत्मबल​

Answer» ISKA matlab haibal mein hi mazza hai AUR USS PAR hamarra jeevan amar haiExplanation:PLS mark me as a brainiliest
50.

Writer of parichay ​

Answer»

kherjee was the WRITER of PARICHAY.