This section includes InterviewSolutions, each offering curated multiple-choice questions to sharpen your knowledge and support exam preparation. Choose a topic below to get started.
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का बचपन गांव में बीता शाम का बचपन का और गांव का पद परिचय लिखिए |
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Answer» मेरा गांव मेरे को पसंद हैं मुझे अपने गांव पर
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___aur viakarn ka apas ma ghra sband ha |
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Answer» korvo Explanation: MARK as BRAINLIEST PLZZ plzz plzz plzz |
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You are invited to a party for while your new friends have new outfits . But you don't have a new dress what will you do? |
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अर्थालंकार के कितने भेद है? |
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Answer» Do bhed Explanation: |
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आंख'शब्द मैं प्रयोग हुआ हअनुस्वारनिरनुनासिकअनुनासिककोई नहींOther: |
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Answer» कोई नहीं............... |
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ऑवनि वाले पाँच शब्दलिखिएडॉक्टर-N31पा |
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Answer» डॉक्टर डॉलर डॉन |
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लॉकडाउन में अपने किन परिस्थितियों का सामना किस प्रकार व्यतीत किया । उसका वर्णन करेplz give me answer. I will mark your answer as brainlest |
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Answer» मैंने लॉकडाउन के दौरान कई समस्याओं का सामना किया जैसे कि भोजन और दूध की कमी लेकिन वे सभी जल्द ही हल हो गए थे। और मुझे अन्य वित्तीय समस्याओं का भी सामना करना पड़ा Explanation: |
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"मैं हर पेड़ को अपना दुश्मन समझ रहा था।• लेखक पेड़ों को दुश्मन क्यों समझ रहा था? |
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Answer» बस की जर्जर अवस्था से लेखक को ऐसा महसूस हो रहा था कि बस की स्टीयरिंग कहीं भी टूट सकती है तथा ब्रेक फेल हो सकता है। ... एक पेड़ निकल जाने पर वह दूसरे पेड़ का इंतज़ार करता था कि बस कहीं इस पेड़ से न टकरा जाए। यही वजह है कि लेखक को हर पेड़ अपना दुश्मन लग रहा था। |
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राजस्थान चित्रकला शैली पर प्रकाश डालिए |
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Answer» राजस्थान चित्रकला शैली का प्रारंभ 15 वी से 16 वी शताब्दी से माना जाता है।। राजस्थानी चित्रकला मे चटकिले भडकिले रंगो का प्रयोग कीया है। विशेषतः पीले व रंग का सव्राधिक प्रयोग हुआ है।।। |
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Smriti ke bare mein lekhak Ne Swayam ko chakshushrava kyon kaha hai |
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Answer» कल लेखक इसके बारे में |
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PapelloDateविदयालपमें अपोजित विज्ञान प्रदर्शनी पर पिता के साथसंवाद लेखन लिखे। |
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कोरोना महामारी के कारण अपने दोस्त को पत्र लिखिए कि हमें अपनी सुरक्षा के और अपने परिवार की सुरक्षा के लिए लॉक अदाओं का पालन अवश्य करना चाहिए और नियमों का पालन अवश्य करना चाहिए |
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Answer» लॉकडाउन को महामारी अधिनियम 1897 के तहत लागू किया जाता है. ये अधिनियम पूरे भारत पर लागू होता है. इस अधिनियम का इस्तेमाल किसी विकराल समस्या के दौरान होता है. जब केंद्र या राज्य सरकार को ये विश्वास हो जाए कि कोई संकट या बीमारी देश या राज्य में आ चुकी है और सभी नागरिकों तक पहुंच रही है तो देश व राज्य दोनों इस अधिनियम को लागू कर सकते हैं. इस अधिनियम की धारा 2 राज्य सरकार को कुछ शक्तियां प्रदान करती है. इसके तहत केंद्र और राज्य सरकारें बीमारी की रोकथाम के लिए अस्थायी नियम बना सकती हैं. सरकारें ऐसे सभी नियम बना सकती हैं जो बीमारी की रोकथाम में कारगर साबित हो सकती हैं. इसी नियम के तहत सभी राज्यों में लॉकडाउन का आदेश दिया गया है. |
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स्वतन्त्रता के दिन कौन सापार्क झंडा फहराने के लिए चुनागया?' |
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Answer» Answer: |
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लेखक मौका पाते ही क्या-क्या किया करता था ? class 10 bade bhai saheb |
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Answer» लेखक मौका पाते ही क्या-क्या किया करता था ? लेखक मौका पाते ही होस्टल से निकलकर वह खेलने के लिए खेल के मैदान में पहुँच जाता था।कभी कंकरियाँ उछालता, कभी कागज़ की तितलियाँ उड़ाताअपने मित्र या साथी साथ में खेलने के लिए मिल जाए तो खेलता ही रहता था| वह सारा समय खेलने में बरबाद करता था | वह डांट-फटकार खाकर भी खेलकूद ही करता था| वह गुली-ठंडा ,क्रिकेट बहुत खेलता था| अपना समय खेलकूद में ही गँवा देता। ▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬▬ संबंधित कुछ अन्य प्रश्न...► "Question 1 कथावाचक और हरिहर काका के बीच क्या संबंध है और इसके क्या कारण हैं? |
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कवर्ग वर्णों का उच्चारण स्थान कौनसा है?कंठ् यतालव्यमूर्धन्यदंत् यOther |
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Answer» कवर्ग वर्णों का उच्चारण स्थान कौनसा है? कंठ् य |
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Shilp saundarya of kavita yah danturit muskan para wise |
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Answer» HTTPS://www.shaalaa.com/textbook-solutions/c/balbharati-solutions-mathematics-and-statistics-1-arts-and-science-11th-standard-maharashtra-state-board-chapter-2-trigonometry-1_3349#z=QD30EW4 |
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विसर्ग का उच्चारण किस तरह होता हैव की तरहह की तरहदोनोंकोई भी नहींOther: |
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Answer» Answer: OPTION (B) is correct .⏩ ह की तरहFOLLOW me ♥️♥️ |
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मैं पुस्तक पढ़ रहा हूं, इसका वाक्य भेद क्या है? विधान वाचक प्रश्नवाचक निषेधवाचक |
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यादगार रेल यात्रा पर अपने अनुभलिखो |
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Answer» My last JOURNEY is Jhansi to Agra. l SAW Taj mahal and it's fort this is my FAVORITE journey and this is my bad journey also because I am go in winter so there is also many people say crowd. l had to wait one hour in LINE but I really say that it is my memorable visit. |
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शिल्प सौंदर्य ऑफ यह दंतुरित मुस्कान पैराडाइज |
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Answer» कवि का बच्चे की मुसकान के प्रति सौंदर्य को निम्नलिखित बिंबो के माध्यम से व्यक्त किया जा सकता है - (1) बच्चे की मुसकान इतनी सुंदर है कि मृतक में भी जान डाल दे। "मृतक में भी डाल देगा जान।" (2) कवि ने बालक के मुसकान की तुलना कमल के पुष्प से की है। जो कि तालाब में न खिलकर कवि की झोंपड़ी में खिल रहे हैं। "छोड़कर तालाब मेरी झोपड़ी में खिल रहे जलजात।" (3) बच्चे की मुसकान से प्रभावित होकर पाषाण (पत्थर) भी पिघलकर जल बन जाएगा। "पिघलकर जल बन गया होगा कठिन पाषाण।" (4) कवि बच्चे की मुसकान की तुलना शेफालिका के फूल से करता है। "झरने लग पड़े शेफालिका के फूल।" HOPE it helps you... #be_brainly... |
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पितांबर शब्द का विग्रह क्या है? पीला वस्त्र पीला आकाश पीला है वस्त्र जिसका |
| Answer» | |
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प्रश्न-3 लेखक को बड़े माई साहब पर दया क्यो आती थी?Please answer this Question in hindi language and don't spam. If anyone is in need of help we should either help him or ignore him.. this statement is for the spamers......... if you can answer kindly answer otherwise don't. The question is being taken from 10th Hindi chapter 01 Bade bhai Sahab....... |
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Answer» Kyuki BADE bhaisaab fail HO gye thay is liye lekhak ko un par DAYA aati thi Explanation: |
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lockdown के दौरान किन किन वस्तुओं की आपूर्ति आपके क्षेत्र में अच्छी रही और किन वस्तुओं की कमी आपको महसूस होती रही है इसके बारे में 10 पंक्तियां लिखिए |
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Answer» लॉकडाउन के दौरान हमारे क्षेत्र में इन वस्तुओं की आपूर्ति अच्छी रही :- 1. सभी बच्चों की ऑनलाइन कक्षाओं के द्वारा पढ़ाई जारी रही ! 2. समय-समय पर सभी को राशन मिलता रहा ! 3. सभी लोगों को अपने परिवार साथ समय बिताने का मौका मिला ! 4. लॉकडाउन में खाने पीने की दुकान,दवाइयों की दुकान सब्जियों की दुकान,फलो की दुकान, ,मदर डेयरी,आदि खुली रही ! 5. हमारे दरवाजे पर कर्मचारी वैक्सीन छिड़कने आते रहे ! लॉकडाउन के दौरान हमारे क्षेत्र में इन वस्तुओं की कमी महसूस होती रही :- 1. सभी को आर्थिक स्थिति का सामना करना पड़ा ! 2. कुछ - कुछ कोरोना के मरीजों को घर पर इलाज कराना पड़ा ! 3. कुछ कुछ लोगों को शहर छोड़कर गांव जाना पड़ा ! 4. हॉस्पिटल में दवाइयों, ऑक्सीजन सिलेंडर , वैक्सीन की कमी होने लगी ! 5. कुछ लोग इतने गरीब हो गए थे कि उनके पास अपने खाने पीने का खर्चा भी नहीं होता था ! |
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रसोईघर का समास विग्रह क्या है? रसोई और घर रसोई के लिए घर रसोई जैसा घर |
| Answer» | |
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Premi ko premi mile to kya hota hai |
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Answer» IDKaiffahkagentlemanIDKusuallyahitalloddsAlexisweekssoovalteasixty-sixasksAlexi7rainsRossiniUSAwellI'dAusterlitz |
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Purane logo or udrbav ke beech kya visheshta batai gyi |
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Answer» ഇത് എനിക്ക് പഠിക്കാൻ ഉള്ളതല്ലല്ലോ |
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क्या पशु पक्षीयो को पालतू बनाना उचित है । |
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Fill in the boxes with appropriate answers base exponent expanded form and value |
| Answer» | |
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वर्तमान समय में तकनीक और हमारा जीवन। essay 250 words |
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Answer» इस आधुनिक दुनिया में एक देश के लिए दूसरे देशों से मजबूत, ताकतवर और अच्छी तरह से विकसित होने के लिए विज्ञान और तकनीकी के क्षेत्र में नए आविष्कार करना बहुत आवश्यक है। इस प्रतियोगी समाज में, हमें आगे बढ़ने और जीवन में सफल व्यक्ति बनने के लिए अधिक तकनीकों की जरूरत है। आज मनुष्य ने विज्ञान और तकनीकी में बहुत विकास कर लिया है। अब तकनीकी के बिना रह पाना नामुमकिन हो गया है। इसने हमारे जीवन को सरल, आसान और सुविधाजनक बना दिया है। |
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Bhav vachak sangya of Likhna,Kala and shoor |
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Answer» Answer: Bhav vachak SANGYA of LIKHNA is लेख Bhav vachak sangya of shoor is शूरता। Hope it will help youPLZ Plz Plz Mark me as BRAINLIEST ALSO FOLLOW ME GUYS FOR FOLLOW BACK |
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प्रत्यय कृत और तद्धित प्रत्यय को जौड़कर 20-20 उदाहरण लिखे |
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Answer» तद्धित प्रत्यय के उदाहरण: लघु + त = लघुता बड़ा + आई = बड़ाई सुंदर + त = सुंदरता बुढ़ा + प = बुढ़ाप कृत प्रत्यय के उदाहरण: अक = लेखक , नायक , गायक , पाठक अक्कड = भुलक्कड , घुमक्कड़ , पियक्कड़ आक = तैराक , लडाक that's all I know hope it's HELP you MARK as BRAINLIEST |
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❤hey guysplease answer the above questionclass 10 - kar chale hum phidhacbse hindi please answer really urgent |
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Answer» Answer: here it means that the soldiers of INDIA FIGHTING for independence has no FEAR of losing their life . they just WANTED to gift India with freedom. they have chances of being killed by the opponent but then ALSO they are continuously fighting and struggling |
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निम्नलिखित शब्द के विशेषण बनाइए।काल, भार |
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Answer» 1. काली 2. भारी मार्क मी एस ब्रेनिएस्ट |
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चौराहा शब्द किस समास का उदाहरण है? द्विगु समास कर्मधारय तत्पुरुष |
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Answer» your answer is a it ISCORRECT answer |
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आजीवन में कौन सा समास है? तत्पुरुष समास अव्ययी भाव समास कर्मधारय |
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Answer» 2nd answer is the RIGHT answer.... |
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Plz give me the answer of this question |
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Answer» plzzzzzzzz MARK as a brainlist plzzzzzzzz FOLLOW me plzzzzzzzz mark as a brainlist plzzzzzzzz follow me plzzzzzzzz mark as a brainlist plzzzzzzzz follow me Explanation: here is your answer |
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'ता' प्रत्यय का प्रयोग किस शब्द में हुआ है? आवश्यकता पिता लता |
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Answer» आवश्यकता is WORD me ....... |
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गर' प्रत्यय किस शब्द मैं नहीं है? नगर सौदागर बाजीगर |
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Answer» नगर क्योंकि न कोई शब्द् नहीं है |
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Plz send answer fast |
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Answer» Answer: EXCUSE me friend you have CHOSEN subject HINDI and you are asking your question in maths ?? so how can we answer |
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Hindi advertisment wrting to promote hand made bags |
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Answer» हाथ से बने बस्ते • यहाँ पर हाथ से बने बस्ते मिल्ते हैं | • अच्छे जल्रोधक कपडे से बने बस्ते मिल्ते हैं | • इस्मे दो पानी की बोतल रखने की जगह हैं | • इस्मे पाच चैन हैं और उसमे हम किताबे रख सकते • हैं| |
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Why should we not be dependent on servants? |
Answer» ✧✮✧✮✧✮✧✮✧✮✧✮✧☛ we should not depended UPON our servants because this habit will make US lazy and we will not try to do the WORK by our own we only SAY to our servants to do that work ✧✮✧✮✧✮✧✮✧✮✧✮✧ |
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100 sabdoon mein mitrata par annuched likhe |
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Answer» if it HELPS you PLEASE MARK me as Brainliest Explanation: व्यक्ति को प्रत्येक रिश्ता अपने जन्म से ही प्राप्त होता है, अन्य शब्दों में कहें तो ईश्वर पहले से बना के देता है, पर दोस्ती ही एक ऐसा रिश्ता है जिसका चुनाव व्यक्ति स्वयं करता है। सच्ची मित्रता रंग-रूप नहीं देखता, जात-पात नहीं देखता, ऊँच-नीच, अमीरी-गरीबी तथा इसी प्रकार के किसी भी भेद-भाव का खंडन करती है। आमतौर पर यह समझा जाता है, मित्रता हम-उम्र के मध्य होती है पर यह गलत है मित्रता किसी भी उर्म में और किसी के साथ भी हो सकती है। |
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How does air look like? how does it help us? write six points on this in Hindi. |
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Answer» हवा को हम देख नहीं सकते हवा हमारे नजरों से नहीं दिखता है। हवा हमारे जीवन को जीने की एक मात्र कुंजी है अगर हवा में मिले हुए अलग-अलग प्रकार के ग्यास जैसे कि ऑक्सीजन नहीं रहे तो हम जी नहीं पाएंगे हमें जीवन जीने के लिए वायु की प्रचुर मात्रा में आवश्यकता है। *हवा में अलग-अलग प्रकार के गैसेस होते हैं । *हवा में मिले हुए कार्बन डाइऑक्साइड पेड़ पौधे अपना भोजन बनाते हैं| *हवा में मिले हुए ऑक्सीजन से मनुष्य और जानवर सांस लेते हैं। *हवा में प्रचुर मात्रा में पाई गई नाइट्रोजन किस से राइजोबियम नामक बैक्टीरिया जमीन में डालकर नोटिफिकेशन करता है और पेड़ पौधों के लिए उपयोगी बनाता है। *हवा में पाई गई पानी के कुछ अंश जिसे हम व्यपर कहते हैं, वह गर्मी या ठंडा वातावरण करता हैं। |
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Aaj ke Samay Mein Sant Kabir ke dohe ki prasangikta spasht kijiye ....sakhi path 10 class |
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Answer» Explanation: उनके दोहे सुनने वाले लिख लेते थे या कंठस्त कर लेते थे क्योंकि कबीर अनपढ़ थे, पर ज्ञान का भंडार थे। उन्होने ख़ुद कहा कि ‘’मसि कागज़ गह्यो नहीं, कलम नहीं छुओ हाथ।‘’ सिख धर्म पर उनका प्रभाव स्पष्ट झलकता है।उनका पालन पोषण एक मुस्लिम जुलाहा परिवार मे हुआ था पर उन्होने अपना गुरू रामानंद को माना। जन्म स्थान के बारे में विद्वानों में मतभेद है परन्तु अधिकतर विद्वान इनका जन्म काशी में ही मानते हैं,जिसकी पुष्टि स्वयं कबीर का यह कथन भी करता है “काशी में परगट भये ,रामानंद चेताये ” हिन्दू कहें मोहि राम पियारा, तुर्क कहें रहमाना, आपस में दोउ लड़ी-लड़ी मुए, मरम न कोउ जाना। आज जब पूरे विश्वमे धर्म के नाम पर आतंकवाद फैला हुआ है तब कबीर के दोहों को याद करना उन्हे जीवन मे उतारना बहुत प्रासंगिक लगता है। वे एक ही ईश्वर को मानते थे और कर्मकाँडों के घोर विरोधी थे। अवतार, मूर्त्ति, रोज़ा, ईद, मसजिद, मंदिर आदि को वे नहीं मानतेथे।कबीर के समय मे हिंदू जनता पर धर्मातंरण का दबाव था उन्होने अपने दोहों मे दोनो धर्मो के कर्मकाँडों का विरोध किया और ईश्वर केवल एक है इस बात को तरह तरह से लोगों को सहज भाषा मे समझाया।उन्होने ज्ञान से ज़्यादा महत्व प्रेम को दिया।- पोथी पढ़ि पढ़ि जग मुआ, पंडित भया न कोय, ढाई आखर प्रेम का, पढ़े सो पंडित होय। निम्नलिखित दोनो दो हों मे कबीर ने हिन्दू और इस्लाम दोनो धर्मोंके खोखलेपन को बताया है।मूर्ति पूजा को निरर्थक मानते हुए वो कहते हैं कि इससे अच्छी तो चक्की है, कि कुछ काम तो आती है।मुल्ला के बांग लगाने का भी वह उपहास करते हैं।ये दोहे आज इसिलिये बहुत प्रांसंगिक हो गये हैं क्योंकि आज धर्मों मे दिखावा बढ़ता जा रहा है,एक दूसरे कोनीचा दिखाने की होड सी लगी हई है। पाहन पूजे हरि मिलैं, तो मैं पूजौं पहार। वाते तो चाकी भली, पीसी खाय संसार। कांकर पाथर जोड़िके मस्जिद ली बनाय ता चढ़ मुल्ला बांग दे क्या बहरा हुआ ख़ुदाय कबीर को शांतिमय जीवन प्रिय था और वे अहिंसा, सत्य, सदाचार आदि गुणों के प्रशंसकथे।वो पराये दोष देखने से पहले अपने दोष देखने की बात कहते थे।- दोस पराए देखि करि, चला हसन्त हसन्त, अपने याद न आवई, जिनका आदि न अंत। ये दोहा आज के संदर्भ मे बहुत प्रसंगिक है।राजनैतिक दलों पर ये बहुतसटीक बैठता है, जब कोई नेता विरोधी दल की किसी बुराई की ओर इंगित करता है सामनेवालाआरोप का उत्तर न देकर आरोप लगाने वाले कटघरे मे खड़ा कर देता है।स्वस्थ आलोचना कोई स्वीकार नहीं करता, जबकि स्वस्थ आलोचना का बहुत लाभ है।– निंदक नियरे राखिए, ऑंगन कुटी छवाय, बिन पानी, साबुन बिना, निर्मल करे सुभाय। इसी तरह आरोप प्रत्यारोप लगते रहते हैं और लोग अमर्यादित भाषा बोलने लगते हैं किसी भी सभ्य समाज मे अमर्यादत भाषा और अभद्र शब्दों का प्रयोग नहीं होना चाहिये किसी भी वजहसे वाणी मे कटुता नहीं आनी चाहिये। आज हर तरफ़ नफ़रत का महौल है, क्रोध है, जिस वजह से व्यक्ति अपना संतुलन खोता जा रहा है और किसी के लिये भी कड़वे व अभद्र बोल बोल देता है।हरेक से मृदु वाणी बोलने से व्यक्ति ख़ुद भी शाँत रहता है और सुनने वाले भी शाँत हो जाते हैं।– ऐसी बानी बोलिये ,मन का आपा खोय, औरन को सीतल करे आपहुं सीतल होय। व्यर्थ की बातों मे बहस मे क्रियाकलापों मे आज हरेक इतना समय बरबाद कर देताहै। साधु यानि अच्छे लोगों को मुख्य बातों पर ही ध्यान देना चाहिये इस बात को सूप के माथ्यम से कबीर ने बहुत सुन्दर तरीके से सझाया था।– साधु ऐसा चाहिए, जैसा सूप सुभाय, सार-सार को गहि रहै, थोथा देई उड़ाय। आज संचार के युग मे यह दोहा बहुत प्रासंगिक है।– बोली एक अनमोल है, जो कोई बोलै जानि, हिये तराजू तौलि के, तब मुख बाहर आनि। आजकल राजनैतिक दलों के नेता हों या अभिनेता बिना सोचे समझे बयानबाज़ी कर देते हैं संचार के युग मे बात कहीं से कहीं तुरन्त पंहुच जाती फिर वो सफ़ाई देते रहते हैं कि उनका ये मतलब नहीं था, वो मतलब नहीं था, बात को संदर्भ सेअलग करके तोड़ मोड़ के पेश किया गया।उनके वकतव्य का मक़सद किसी की भावनाओं को ठेस पहुंचाना नहीं था।इसलिये कबीर ने कहा था कि बहुत सोच समझ कर मुंह से बात निकालनी चहिये। जाति न पूछो साधु की, पूछ लीजिये ज्ञान, मोल करो तरवार का, पड़ा रहन दो म्यान। कबीर जाति प्रथा को नहीं स्वीकार करते थे,उपर्युक्त दोहे मे उन्होंने स्पष्ट किया है कि साधु यानि गुणी लोगोंकी जाति नहीं पूछनी चाहिये उनके केवल गुण देखने चाहिये।आज जातिवाद का जो ज़हर समाज मे फैला है, कभी किसी जाति को आरक्षण चाहिये कभी किसी को,उनको कबीर का ये दोहा करारा जवाब है। जीवन मे संतुलन का महत्व समझाते हुए कबीर कहते हैं अधिकता किसी भी चीज़ की सही नहीं है। Hope it helps you...If you LIKE this , so PLEASE mark me as BRAINLIEST .... |
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1. रिक्त स्थान भरिए-क. संविधान में हिंदी कोख. लिखित साहित्यिक बोलीका दरज़ा दिया गया है।कहलाती है।कहते हैं।ग. वर्गों के व्यवस्थित समूह को |
| Answer» | |
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अति' उपसर्ग किस शब्द में नहीं है? अतिरिक्त अतिक्रमण अभिनय |
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Answer» अभिनय is the answer........ |
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Sacche Gyani ki kya visheshtayen hai . sakhi path 10 class |
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Answer» विशेषज्ञ संचार कौशल। बेहतर सुनने का कौशल। उनके विषय के लिए गहरा ज्ञान और जुनून। छात्रों के साथ देखभाल संबंध बनाने की क्षमता। मित्रता और स्वीकार्यता। उत्कृष्ट तैयारी और संगठन कौशल। मजबूत नैतिक कार्य। समुदाय-निर्माण कौशल |
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