1.

एक रंगहीन गैस नीली लौ के साथ जलती है तथा तप्त क्यूप्रिक ऑक्साइड को ताँबे में अवकृत करती है। जब इस गैस का दहन ऑक्सीजन के साथ करते हैं। तब प्रतिफल गैस चुना-जल को दूधिया के देती है। इस गैस का आयतन `100^(@)C` तथा 1.5 वायुमंडलीय दाब पर निकालें जब यह NTP पर 50 mL ऑक्सीजन के साथ पूर्ण दहन करती है।

Answer» यह गैस कार्बन मोनोक्साइड है। यह ऑक्सीजन के साथ निम्नलिखित समीकरण के अनुसार अभिक्रिया करती है।
`underset("100 mL")underset("2 mL")(2CO)+underset("50 mL")underset("1 mL")(O_(2))rarr2CO_(2)`
`{:(because"50 mL ऑक्सीजन के लिए 100 mL CO गैस लगती है,"),(therefore" 1 mL ऑक्सीजन के लिए 2 mL CO गैस लगती है,"):}`
अर्थात, NTP पर CO का आयतन = 100 mL
`" "T_(1)=0^(@)C=273K" "T_(2)=273+100=373K`
`" "p_(1)=76cm" "p_(2)=1.5" वायु० " = 1.5xx76 cm`
`" "V_(1)=100mL" "V_(2)=?`
`" "because (p_(1)V_(1))/(T_(1))=(p_(2)V_(2))/(T_(2))`
या `" "(76xx100)/(273)=(1.5xx76xxV_(2))/(373)`
या `" "V_(2)=(373xx76xx100)/(273xx1.5xx76)=91.0mL.`


Discussion

No Comment Found

Related InterviewSolutions