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स्थिर वैद्युतिकी (electrostatics) में गॉस के प्रमेय का अनुप्रयोग जिस प्रकार किया जाता हैं , ठीक उसी प्रकार गुरुत्वाकर्षण (gravitation) संबंधी प्रश्नों का हल भी गॉस के प्रमेय के अनुप्रयोग से संभव हैं , क्योंकि दोनों प्रकार के बलों के लिए व्युत्क्रम - वर्ग नियम ( inverse square law ) मान्य हैं । इसके अतिरिक्त निम्नलिखित समतुल्यताओं की मान्यता भी आवश्यकता हैं : (i) आवेश (charge) - द्रव्यमान (mass) (ii) विद्युत - क्षेत्र की प्रबलता - गुरुत्वीय क्षेत्र की तीव्रता अथवा गुरुत्वीय त्वरण (iii) नियतांक , k = `(1)/(4 pi in_(0))` - गुरुत्वाकर्षण नियतांक G प्रति एकांक लंबाई के द्रव्यमान `lamda` युक्त किसी पतले एकसमान धागे के कारण r दूरी पर गुरुत्वीय क्षेत्र की प्रबलता का परिमाणA. `(Glamda)/(r)`B. `(2 G lamda)/(r)`C. `(G lamda)/(2r)`D. `(Glamda)/(2pir)` |
| Answer» Correct Answer - B | |