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टिप्पणी लिखिए-परिवार कल्याण तथा गृह-कार्य-व्यवस्था। |
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Answer» गृह-कार्य-व्यवस्था को प्रभावित करने वाले कारकों में से एक है-परिवार कल्याण। परिवार कल्याण अपने आपमें एक दृष्टिकोण है, जिसके अन्तर्गत परिवार के सर्वांगीण हितों को ध्यान में रखा जाता है। इस दृष्टिकोण के अनुसार परिवार के सभी सदस्यों के लिए पर्याप्त तथा सन्तुलित आहार, शिक्षा, चिकित्सा तथा मनोरंजन सम्बन्धी सुविधाएँ उपलब्ध होनी चाहिए। उत्तम आवास तथा स्वास्थ्य में सहायक रहन-सहन की दशाएँ भी परिवार-कल्याण के लिए आवश्यक मानी जाती हैं। परिवार कल्याण के लक्ष्यों को प्राप्त करने के लिए ही परिवार को सीमित रखने का सुझाव दिया जाता है। । परिवार कल्याण के दृष्टिकोण को अपना लेने की स्थिति में गृह-कार्य-व्यवस्था को भी उसी के अनुरूप ढालना पड़ता है। परिवार के सभी सदस्यों को परिवार के कल्याण सम्बन्धी कार्यों के प्रति जागरूक होना पड़ता है। बच्चों की उत्तम शिक्षा के लिए कुछ अतिरिक्त प्रयास करने पड़ते हैं। बच्चों के स्वास्थ्य के विकास के लिए भी समय एवं धन का व्यय करना पड़ता है। इसके साथ-साथ परिवार के सभी सदस्यों के स्वस्थ मनोरंजन के लिए कुछ अतिरिक्त धन की आवश्यकता होती है तथा समय का सूझ-बुझपूर्वक नियोजन भी करना पड़ता है। वैसे यह सत्य है कि परिवार कल्याण के दृष्टिकोण को ध्यान में रखते हुए ही गृह-कार्य-व्यवस्था का निर्धारण किया जाना चाहिए। गृह-कार्य-व्यवस्था तो अपने आप में साधन है। इस साधन को अपनाकर जिस लक्ष्य को प्राप्त करना है, वह है- परिवार कल्याण। |
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