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This section includes 7 InterviewSolutions, each offering curated multiple-choice questions to sharpen your Current Affairs knowledge and support exam preparation. Choose a topic below to get started.

1.

'रामन् प्रभाव' की खोज से विज्ञान के क्षेत्र में कौन-कौन से कार्य संभव हो सके?

Answer»

'रामन् प्रभाव' की खोज से विज्ञान के क्षेत्र में अनेक कार्य संभव हो सके। विभिन्न पदार्थों के अणुओं और परमाणुओं की आंतरिक संरचना का अध्ययन सहज हो गया। रामन् की खोज के बाद पदार्थों की आणविक और परमाणविक संरचना के अध्ययन के लिए रामन् स्पेक्ट्रोस्कोपी का सहारा लिया जाने लगा।रामन् की तकनीक एकवर्णीय प्रकाश के वर्ण में परिवर्तन के आधार पर पदार्थों के अणुओं और परमाणुओं की संरचना की सटीक जानकारी देने लगी। अब पदार्थों का संश्लेषण प्रयोगशाला में करना तथा अनेक उपयोगी पदार्थों का कृत्रिम रुप में निर्माण संभव हो गया।

2.

सर चंद्रशेखर वेंकट रामन् के जीवन से प्राप्त होने वाले संदेश को अपने शब्दों में लिखिए।

Answer»

सर चंद्रशेखर वेंकट रामन् के जीवन से हमें सदैव आगे बढ़ते रहने का संदेश देता है। रामन् ने संदेश दिया है कि हमें अपने आसपास घट रही विभिन्न प्राकृतिक घटनाओं की छानबीन वैज्ञानिक दृष्टि से करनी चाहिए।व्यक्ति को अपनी प्रतिभा का सदुपयोग करना चाहिए। भले ही इसके लिए सुख-सुविधाओं को त्यागना पड़े। इच्छा शक्ति से राह सदैव निकल आती है।

3.

निम्नलिखित का आशय स्पष्ट कीजिए।(ख) हमारे पास ऐसी न जाने कितनी ही चीज़ें बिखरी पड़ी हैं, जो अपने पात्र की तलाश में हैं।

Answer»

हमारे आस-पास के वातावरण में अनेक प्रकार की चीज़ें मौजूद हैं जिनके रहस्य अभी तक अनसुलझे हैं। वो भी किसी ऐसे व्यक्ति की तालाश जो उनको वैज्ञानिक दृष्टि से देख सके, अध्यन कर सके और उनके पहलुओं को सुलझा सके।

4.

'रामन् प्रभाव' की खोज के पीछे कौन-सा सवाल हिलोरें ले रहा था?

Answer»

रामन् की खोज के पीछे का सवाल 'आखिर समुद्र के पानी का रंग नीला ही क्यों है?' हिलोरें ले रहा था।

5.

रामन् की खोज 'रामन् प्रभाव' क्या है? स्पष्ट कीजिए।

Answer»

जब एक वर्णीय प्रकाश की किरण किसी तरल या ठोस रवेदार पदार्थ से गुजरती है तो उसके वर्ण में परिवर्तन आ जाता है। एक वर्णीय प्रकाश की किरण के फोटॉन जब तरल ठोस रवे से टकराते हैं तो उर्जा का कुछ अंश खो देते हैं या पा लेते हैं दोनों स्थितियों में रंग में बदलाव आता है। इसी को 'रामन् प्रभाव' कहा गया है।

6.

निम्नलिखित का आशय स्पष्ट कीजिए।(क) उनके लिए सरस्वती की साधना सरकारी सुख-सुविधाओं से कहीं अधिक महत्त्वपूर्ण थी।

Answer»

जब सर आशुतोष मुखर्जी ने रामन् से नौकरी छोड़कर कलकत्ता विश्वविद्यालय में प्रोफेसर का पद लेने के लिए आग्रह किया तब उन्होंने यह सहर्ष स्वीकार किया जबकि वे तनख्वाह और सुख सुविधाओं वाले पद पर कार्यरत थे जो की उन्हें प्रोफेसर रहते नही मिलने वाला था। इससे पता चलता है कि उनके लिए सरस्वती की साधना सरकारी सुख-सुविधाओं से कहीं अधिक महत्त्वपूर्ण थी।

7.

निम्नलिखित का आशय स्पष्ट कीजिए।(ग) यह अपने आपमें एक आधुनिक हठयोग का उदाहरण था।

Answer»

डॉ. रामन् सरकारी नौकरी करते हुए भी बहू बाजार स्थित प्रयोगशाला जाते थे। उस प्रयोगशाला में कामचलाऊ उपकरणों तथा इच्छाशक्ति द्वारा अपने शोध कार्यो को संपन्न करते थे। इससे लेखक ने अपने आपमें एक आधुनिक हठयोग का उदाहरण बताया है।

8.

रामन् भावुक प्रकृति प्रेमी के अलावा और क्या थे?

Answer» रामन् भावुक प्रकृति प्रेमी के अलावा एक वैज्ञानिक की भी जिज्ञासा रखते थे।
9.

रेखांकित शब्द के विलोम शब्द का प्रयोग करते हुए रिक्त स्थान की पूर्ति कीजिए − (क) मोहन के पिता मन से सशक्त होते हुए भी तन से .............. हैं। (ख) अस्पताल के अस्थायी कर्मचारियों को .............. रुप से नौकरी दे दी गई है। (ग) रामन् ने अनेक ठोस रवों और ............... पदार्थों पर प्रकाश की किरण के प्रभाव का अध्ययन किया। (घ) आज बाज़ार में देशी और ................... दोनों प्रकार के खिलौने उपलब्ध हैं। (ङ) सागर की लहरों का आकर्षण उसके विनाशकारी रुप को देखने के बाद ...........में परिवर्तित हो 

Answer»

(क) मोहन के पिता मन से सशक्त होते हुए भी तन से अशक्त हैं। 

(ख) अस्पताल के अस्थायी कर्मचारियों को स्थायी रुप से नौकरी दे दी गई है। 

(ग) रामन् ने अनेक ठोस रवों और तरल पदार्थों पर प्रकाश की किरण के प्रभाव का अध्ययन किया। 

(घ) आज बाज़ार में देशी और विदेशी दोनों प्रकार के खिलौने उपलब्ध हैं। 

(ङ) सागर की लहरों का आकर्षण उसके विनाशकारी रुप को देखने के बाद विकर्षण में परिवर्तित हो जाता है।

10.

नीचे कुछ समानदर्शी शब्द दिए जा रहे हैं जिनका अपने वाक्य में इस प्रकार प्रयोग करें कि उनके अर्थ का अंतर स्पष्ट हो सके। (क) प्रमाण .......................... (ख) प्रणाम ......................... (ग) धारणा .......................... (घ) धारण ......................... (ङ) पूर्ववर्ती ......................... (च) परवर्ती .......................... (छ) परिवर्तन ......................... (ज) प्रवर्तन .........................

Answer»

(क) प्रमाण मैं यह बात प्रमाण सहित कह सकता हूँ। 

(ख) प्रणाम अपने से बड़ों को प्रणाम करना चाहिए। 

(ग) धारणा धर्म के प्रति हमारी धारणा बदलनी चाहिए। 

(घ) धारण सदा स्वच्छ वस्त्र धारण करो। 

(ङ) पूर्ववर्ती कई किले पूर्ववर्ती राजाओं ने बनाए। 

(च) परवर्ती अब परवर्ती पीढ़ी ही देश की रक्षा करेगी। 

(छ) परिवर्तन अब सृष्टि में भी अनेकों परिवर्तन हो रहे हैं। 

(ज) प्रवर्तन प्रवर्तन कार्यालय में जाना है।

11.

कॉलेज के दिनों में रामन् की दिली इच्छा क्या थी?

Answer»

कॉलेज के दिनों में रामन् की दिली इच्छा थी कि वे नए-नए वैज्ञानिक प्रयोग करें, पूरा जीवन शोधकार्यों में लगा दें। उनका मन और दिमाग विज्ञान के रहस्यों को सुलझाने के लिए बैचेन रहता था। उनका पहला शोधपत्र फिलॉसॉफिकल मैग़जीन में प्रकाशित हुआ।

12.

रामन् के प्रारंभिक शोधकार्य को आधुनिक हठयोग क्यों कहा गया है?

Answer»

रामन् के समय में शोधकार्य करने के लिए परिस्थितियाँ बिल्कुल विपरीत थीं। वे सरकारी नौकरी भी करते थे जिस कारण समय का अभाव रहता था। परन्तु फिर भी रामन् फुर्सत पाते ही 'बहू बाज़ार' चले जाते। वहाँ'इंडियन एसोसिएशन फॉर द कल्टीवेशन ऑफ साइंस' की प्रयोगशाला में काम करते। इस प्रयोगशाला में साधनों का अभाव था लेकिन रामन् काम चलाऊ उपकरणों से भी शोध कार्य करते थे। ऐसे में अपनी इच्छाशक्ति के बलबूते पर अपना शोधकार्य करना आधुनिक हठयोग कहा गया है।

13.

रामन् के लिए नौकरी संबंधी कौन-सा निर्णय कठिन था?

Answer»

रामन् भारत सरकार के वित्त विभाग में अफसर थे। एक दिन प्रसिद्ध शिक्षा शास्त्री सर आशुतोष मुखर्जी ने रामन् से नौकरी छोड़कर कलकत्ता विश्वविद्यालय में प्रोफेसर का पद लेने के लिए आग्रह किया। इस बारे में निर्णय लेना उनके लिए अत्यंत कठिन था।सरकारी नौकरी की बहुत अच्छी तनख्वाह अनेकों सुविधाएँ छोड़कर कम वेतन, कम सुविधाओं वाली नौकरी का फैसला मुश्किल था।

14.

नीचे दिए उदाहरण में रेखांकित अंश में शब्द-युग्म का प्रयोग हुआ है − उदाहरण : चाऊतान को गाने-बजानेमें आनंद आता है। उदाहरण के अनुसार निम्नलिखित शब्द-युग्मों का वाक्यों में प्रयोग कीजिए − सुख-सुविधा ............................. अच्छा-खासा ............................. प्रचार-प्रसार ............................ आस-पास ............................

Answer»

सुख-सुविधा- रोहन को सुख-सविधा में रहने की आदत है। 

अच्छा-खासा- माँ ने अच्छा-खासा खाना बनाया था। 

प्रचार-प्रसार- नेताजी प्रचार-प्रसार में लगे हैं। 

आस-पास- हमारे आस-पास हरियाली है।

15.

प्रस्तुत पाठ में आए अनुस्वार और अनुनासिक शब्दों को निम्न तालिका में लिखिए −अनुस्वार                     अनुनासिक (क) अंदर                  (क) ढूँढ़ते (ख) ...................... (ख) ...................... (ग) ...................... (ग) ...................... (घ) ...................... (घ) ...................... (ङ) ...................... (ङ) ......................

Answer»

अनुस्वार           अनुनासिक 

(क) अंदर         (क) ढूँढ़ते 

(ख) सदियों      (ख) पहुँचता 

(ग) असंख्य      (ग) सुविधाएँ 

(घ) रंग           (घ) स्थितियाँ 

(ङ) नींव           (ङ) वहाँ

16.

निम्नलिखित गद्यांश को पढ़कर दिए गए प्रश्नों के उत्तर लिखिए -बात सन् 1921 की है, जब रामन् समुद्री यात्रा पर थे। जहाज के डेक पर खड़े होकर नीले समुद्र को निहारना, प्रकृत-प्रेमी रामन् को अच्छा लगता था। वे समुद्र की नीली आभा में घंटों खोये रहते। लेकिन रामन् केवल भावुक प्रकृति-प्रेमी ही नहीं थे। उनके अंदर एक वैज्ञानिक की जिज्ञासा भी उतनी ही सशक्त थी। यही जिज्ञासा उनसे सवाल कर बैठी- 'आखिर समुद्र का रंग नीला ही क्यों होता है? कुछ और क्यों नहीं?' रामन् सवाल का जवाब ढूँढने में लग गए। जवाब ढूँढ़ते ही वे विश्वविख्यात बन गए।(क) रामन् समुद्री यात्रा पर कब गए थे?                                                         (ख) रामन् को जहाज के डेक से किसे निहारना अच्छा लगता था और क्यों?        (ग) रामन् के अंदर की वैज्ञानिक जिज्ञासा क्या प्रश्न कर बैठी?                        

Answer»

(क)  रामन् सन् 1921 में समुद्री यात्रा पर गए थे। 

(ख) रामन् को जहाज के डेक से नील समुद्र को घंटों निहारना अच्छा लगता था क्योंकि वे भावुक प्रकृति प्रेमी थे। 

(ग) समुद्र के पानी का रंग नीला ही क्यों होता है? कोई और क्यों नहीं होता है? रामन् के अंदर की वैज्ञानिक जिज्ञासा इन प्रश्नों को कर बैठी।  

17.

रामन् को मिलनेवाले पुरस्कारों ने भारतीय-चेतना को जाग्रत किया। ऐसा क्यों कहा गया है?

Answer»

रामन् को समय-समय पर मिलने वाले पुरस्कारों ने भारतीय-चेतना को जाग्रत किया। इनमें से अधिकांश पुरस्कार विदेशी थे और प्रतिष्ठित भी। अंग्रेज़ों की गुलामी के दौर में एक भारतीय वैज्ञानिक को इतना सम्मान दिए जाने से भारत को आत्मविश्वास और आत्मसम्मान मिला और लोगों को प्रेरणा भी।

18.

रामन् के कॉलेज की पढाई कहाँ पूरी हुई?

Answer»

रामन् ने कॉलेज की पढाई ए.बी.एन. कॉलेज तिरुचिरापल्ली से और फिर प्रेसीडेंसी कॉलेज मद्रास से की।

19.

निम्नलिखित गद्यांश को पढ़कर दिए गए प्रश्नों के उत्तर लिखिए -रामन् का मस्तिष्क विज्ञान के रहस्यों को सुलझाने के लिए बचपन से ही बैचैन रहता था। अपने कॉलेज के ज़माने से ही उन्होने शोधकार्यों में दिलचस्पी लेना शुरू कर दिया था। उनका पहला शोधपत्र फिलॉसॉफिकल मैगज़ीन में प्रकाशित हुआ था। उनकी दिली इच्छा तो यही थी कि वे अपना सारा जीवन शोधकार्यों को समर्पित कर दें, मगर उन दिनों शोधकार्यों को पूरे समय के कैरियर के रूप में अपनाने की कोई ख़ास व्यवस्था नहीं थी। प्रतिभावान छात्र सरकारी नौकरी की ओर आकर्षित होते थे। रामन् भी अपने समय के सुयोग्य छात्रों की भाँति भारत सरकार के वित्त विभाग में अफसर बन गए। उनकी तैनाती कलकत्ता में हुई।(क) किन रहस्यों को सुलझाने में रामन् का मस्तिष्क बैचैन रहता था?                (ख) रामन् की दिली इच्छा क्या था?                                                                   (ग) वे सरकारी नौकरी की ओर क्यों आकर्षित हुए और उनकी तैनाती कहाँ हुई?   

Answer»

(क) विज्ञान के रहस्यों को सुलझाने में रामन् का मस्तिष्क बैचैन रहता था। 

(ख) रामन् की दिली इच्छा अपना सारा जीवन शोधकार्य को समर्पित कर देने की थी। 

(ग) वे सरकारी नौकरी की ओर इसलिए आकर्षित हुए क्योंकि उन दिनों शोधकार्य को पूरे समय के कैरियर के रूप में अपनाने की कोई ख़ास व्यवस्था नहीं थी। अन्य प्रतिभावान छात्र सरकारी नौकरी की ओर आकर्षित होते थे। उनकी तैनाती कलकत्ता में हुई।  

20.

इंडियन एसोसिएशन फॉर द कल्टीवेशन ऑफ़ साइंस' एक अनूठी प्रयोगशाला क्यों थी?

Answer»

इंडियन एसोसिएशन फॉर द कल्टीवेशन ऑफ़ साइंस' प्रयोगशाला का मुख्य उद्देश्य देश में वैज्ञानिक चेतना का विकास करना था। उस समय देश में ऐसे उद्देश्य के लिए समर्पित यह एकमात्र प्रयोगशाला थी इसलिए यह एक अनूठी प्रयोगशाला थी।

21.

नीचे दिए गए उदाहरण 'ही' का प्रयोग करते हुए पाँच वाक्य बनाइए। उदाहरण : उनके ज्ञान की सशक्त नींव उनके पिता ने ही तैयार की थी।

Answer»

1. राम के कारण ही यह कार्य संभव हो सका। 

2. तुम ही जाकर ले आओ। 

3. उस छात्र ने ही मोहन को मारा। 

4. गीता ही अकेली जा रही है। 

5. केवल वह ही जाएगा।

22.

निम्नलिखित गद्यांश को पढ़कर दिए गए प्रश्नों के उत्तर लिखिए -  वाद्ययंत्रों पर किए जा रहे शोधकार्यों के दौरान उनके अध्यन के दायरे में जहाँ वायलिन, चैलो या पियानो जैसे विदेशी वाद्य आए, वहीँ वीना, तानपुरा और मृदंगम पर भी उन्होंने काम किया। उन्होंने वैज्ञानिक सिद्धांतों के आधार पर पश्चिमी देशों की इस भ्रान्ति को तोड़ने की कोशिश की कि भारतीय वाद्ययंत्र विदेशी वाद्ययंत्रों की तुलना में घटिया हैं। वाद्ययंत्रों के कंपन के पीछे छिपे गणित पर उन्होंने अच्छा-खासा काम किया और अनेक शोधपत्र भी प्रकाशित किए।(क) रामन् ने किन भारतीय वाद्ययंत्रों पर काम किया?  (ख) रामन् ने पश्चिमी देशों की किस भ्रान्ति को तोड़ा?  (ग) उन्होंने वाद्ययंत्रों के किस विषय पर काम किया?

Answer»

(क) रामन् ने वीना, तानपुरा, मृदंगम् जैसे वाद्ययंत्रों पर काम किया। 

(ख) रामन् ने पश्चिमी देशों की इस भ्रान्ति को तोड़ने की कोशिश की कि भारतीय वाद्ययंत्र विदेशी वाद्ययंत्रों की तुलना में घटिया हैं। 

(ग) उन्होंने वाद्ययंत्रों के कंपन के पीछे छिपे गणित पर अच्छा-खासा काम किया और अनेक शोधपत्र भी प्रकाशित किए।  

23.

रामन् ने शोधकार्यों को छोड़कर सरकारी नौकरी क्यों अपनाया?

Answer»

 रामन् ने शोधकार्यों को छोड़कर सरकारी नौकरी इसलिए अपनाया क्योंकि उन दिनों शोधकार्य को पूरे समय के कैरियर के रूप में अपनाने की कोई ख़ास व्यवस्था नहीं थी। प्रतिभावान छात्र सरकारी नौकरी की ओर आकर्षित होते थे।

24.

रामन् ने किस रहस्य से पर्दा हटाया?

Answer» रामन् ने समुद्र की नील वर्णीय आभा से पर्दा हटाया।
25.

भारतीय संविधान सरकार द्वारा सत्ता के दुरुपयोग को किस प्रकार रोकता है?

Answer»

भारतीय संविधान सरकार के विभिन्न अंगों की शक्तियों का स्पष्ट उल्लेख करके सरकार द्वारा सत्ता के दुरुपयोग को रोकता है।

26.

भारतीय संविधान कब पारित हुआ?

Answer»

भारतीय संविधान 26 नवम्बर, 1949 को पारित हुआ।

27.

संस्कृति और शिक्षा के अधिकार का वर्णन कीजिए।

Answer»

नागरिकों को अपनी भाषा, लिपि और संस्कृति को सुरक्षित रखने का अधिकार है। भाषा या नस्ल के आधार पर किसी भी नागरिक को ऐसी शिक्षा-संस्थाओं में प्रवेश पाने से नहीं रोका जाएगा जो सरकार अथवा सरकारी सहायता द्वारा चलाई जा रही हैं। प्रत्येक अल्पसंख्यक वर्ग को चाहे वह धर्म पर आधारित है चाहे भाषा पर, अपनी इच्छानुसार शिक्षा संस्थाएं स्थापित करने का अधिकार है। आर्थिक सहायता देते समय राज्य इनके साथ कोई भेदभाव नहीं करेगा।

28.

भारतीय संविधान कब लागू हुआ?

Answer»

यह 26 जनवरी, 1950 को लागू हुआ।

29.

समाजवाद से क्या अभिप्राय है?

Answer»

ऐसी व्यवस्था जिसमें अमीर-गरीब का भेदभाव न हो और साधनों पर पूरे समाज का अधिकार हो।

30.

एक तर्क देकर स्पष्ट कीजिए कि भारत एक लोकतंत्रात्मक राज्य है।

Answer»

देश का शासन लोगों द्वारा चुने हुए प्रतिनिधि चलाते हैं।

31.

भारत एक धर्म-निरपेक्ष राज्य कैसे है? एक उदाहरण देकर सिद्ध कीजिए।

Answer»

भारत का कोई राज्य-धर्म नहीं है।

32.

समाजवादी, धर्म-निरपेक्ष तथा राष्ट्र की एकता शब्द संविधान के कौन-से संशोधन द्वारा जोड़े गए?

Answer»

ये शब्द 1976 में 42वें संशोधन द्वारा जोड़े गए।

33.

संविधान से आप क्या समझते हैं?

Answer»

संविधान एक मौलिक कानूनी दस्तावेज़ या लेख होता है जिसके अनुसार देश की सरकार अपना कार्य करती है।

34.

प्रस्तावना के प्रारम्भिक शब्द क्या हैं?

Answer»

प्रस्तावना के प्रारम्भिक शब्द हैं, “हम, भारत के लोग भारत को एक सम्पूर्ण प्रभुत्व सम्पन्न, समाजवादी, धर्म-निरपेक्ष और लोकतन्त्रात्मक गणराज्य घोषित करते हैं।”

35.

भारत एक धर्म-निरपेक्ष, लोकतान्त्रिक गणराज्य है।

Answer»

संविधान द्वारा भारत में एक धर्म-निरपेक्ष, लोकतान्त्रिक गणराज्य की स्थापना की गई है। धर्म-निरपेक्ष राज्य से अभिप्राय सभी धर्मों की समानता और स्वतन्त्रता से है। ऐसे राज्य में राज्य का अपना कोई विशेष धर्म नहीं होता। धर्म के आधार पर नागरिकों से कोई भेदभाव नहीं किया जाता। सभी नागरिक स्वेच्छा से कोई धर्म अपनाने और उपासना करने में स्वतन्त्र होते हैं।

लोकतान्त्रिक राज्य से भाव है कि सभी नागरिकों को समान राजनीतिक अधिकार प्राप्त हैं और नागरिकों द्वारा चुने गए प्रतिनिधि देश का शासन चलाते हैं।गणराज्य से भाव है कि राज्य का अध्यक्ष कोई बादशाह नहीं होगा। वह चुनाव द्वारा निश्चित समय के लिए अप्रत्यक्ष रूप से निर्वाचित राष्ट्रपति होगा।

36.

गेहूँ और जौ की खेती कहाँ प्रारम्भ हुई थी?(क) भारत(ख) यूनान(ग) यूरोप(घ) अफ्रीका

Answer»

सही विकल्प है (ग) यूरोप।

37.

प्रस्तावना में वर्णित उद्देश्यों का संक्षेप में वर्णन करें।

Answer»

संविधान की प्रस्तावना में भारतीय शासन प्रणाली के स्वरूप तथा इसके बुनियादी उद्देश्यों को निर्धारित किया गया है। ये उद्देश्य निम्नलिखित हैं-

  1. भारत एक प्रभुत्व सम्पन्न, समाजवादी, धर्म-निरपेक्ष, लोकतन्त्रात्मक गणराज्य होगा।
  2. सभी नागरिकों को सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक न्याय मिले।
  3. नागरिकों को विचार अभिव्यक्ति, विश्वास, धर्म और उपासना की स्वतन्त्रता प्राप्त होगी।
  4. कानून के सामने सभी नागरिक समान समझे जाएंगे।
  5. लोगों में बन्धुत्व की भावना को बढ़ाया जाए ताकि व्यक्ति की गरिमा बढ़े और राष्ट्र की एकता एवं अखण्डता को बल मिले।
38.

भारतीय संविधान में मौलिक कर्तव्यों का उल्लेख क्यों किया गया है?

Answer»

कर्त्तव्यों के बिना अधिकार अधूरे होते हैं।

39.

भारतीय संविधान में अंकित किसी एक मौलिक अधिकार (स्वतन्त्रता के अधिकार) का वर्णन करो।

Answer»

धार्मिक स्वतन्त्रता के अधिकार के अनुसार भारत के नागरिक अपनी इच्छा से किसी भी धर्म को अपना सकते हैं।

40.

निम्नलिखित में से किसी एक अधिकार की संक्षिप्त व्याख्या करें-(क) समानता का अधिकार(ख) स्वतन्त्रता का अधिकार(ग) शोषण के विरुद्ध अधिकार(घ) संवैधानिक उपचारों का अधिकार

Answer»

(क) समानता का अधिकार- भारतीय समाज शताब्दियों से विभिन्न असमानताओं से भरपूर रहा है। इसीलिए संविधान निर्माताओं ने समानता के अधिकार को प्राथमिकता दी है। भारतीय नागरिकों को इस अधिकार द्वारा निम्नलिखित बातों में समानता प्राप्त है —

  1. कानून के सामने समानता-कानून की दृष्टि से सभी नागरिक समान हैं। धर्म, नस्ल, जाति अथवा लिंग के आधार पर उनके साथ कोई भेदभाव नहीं किया जा सकता। रोज़गार या सरकारी पद देते समय सभी को समान अवसर दिये जाते हैं।
  2. भेदभाव पर रोक-सरकार जन्म स्थान, धर्म, जाति, लिंग आदि के आधार पर किसी से भेदभाव नहीं करेगी। सरकारी सहायता से बनाए गए कुओं, तालाबों, स्नानघरों अथवा पर्यटन स्थलों पर बिना किसी भेदभाव के नागरिकों को आने-जाने की स्वतन्त्रता होगी।
  3. अवसर की समानता-राज्य के अधीन रोज़गार या पदों पर नियुक्ति के लिए सभी नागरिकों को समान अवसर दिए जाएंगे।
  4. छुआछूत पर रोक-सदियों से चली आ रही छुआछूत की कुप्रथा को समाप्त कर दिया गया है।
  5. उपाधियों तथा खिताबों की समाप्ति-सैनिक तथा शैक्षणिक उपाधियों के अतिरिक्त राज्य कोई अन्य उपाधि नहीं देगा।

(ख) स्वतन्त्रता का अधिकार- स्वतन्त्रता का अधिकार लोकतन्त्र का स्तम्भ है। संविधान में स्वतन्त्रता के अधिकार को दो भागों में बांटा गया है-साधारण और व्यक्तिगत स्वतन्त्रता।
साधारण स्वतन्त्रता-इसके अनुसार भारतीय नागरिक को निम्नलिखित स्वतन्त्रताएं प्राप्त हैं —

  1. भाषण तथा विचार प्रकट करने की स्वतन्त्रता।
  2. शान्तिपूर्वक एकत्र होने की स्वतन्त्रता।
  3. संघ स्थापित करने की स्वतन्त्रता।
  4. भारत के किसी भाग में आने-जाने की स्वतन्त्रता।
  5. भारत के किसी भी भाग में बस जाने की स्वतन्त्रता।
  6. कोई भी रोज़गार अपनाने अथवा व्यापार करने की स्वतन्त्रता।

व्यक्तिगत स्वतन्त्रता —

  1. व्यक्ति को ऐसे कानून की अवहेलना करने के लिए दंडित नहीं किया जा सकता जो कानून अपराध करते समय लागू न था।
  2. किसी व्यक्ति को एक ही अपराध के लिए एक से अधिक बार दण्ड नहीं दिया जा सकता।
  3. किसी अपराधी को अपने विरुद्ध गवाही देने के लिए बाध्य नहीं किया जा सकता।
  4. किसी व्यक्ति को कानून द्वारा स्थापित विधि के अतिरिक्त उसके जीवन या व्यक्तिगत स्वतन्त्रता से वंचित नहीं किया जा सकता।

(ग) शोषण के विरुद्ध अधिकार —

  1. हमारे समाज में चिरकाल से निर्धन व्यक्तियों, स्त्रियों तथा बच्चों का शोषण होता चला आ रहा है। इसे समाप्त करने के लिए संविधान में शोषण के विरुद्ध अधिकार की व्यवस्था की गई है। इसके अनुसार
  2. मनुष्यों के व्यापार और बिना वेतन दिए ज़बरदस्ती श्रम करवाने पर प्रतिबन्ध लगा दिया गया है। इसका उल्लंघन करने वाले को कानून के अनुसार दण्ड दिया जा सकता है, परन्तु सार्वजनिक सेवाओं के लिए राज्य अनिवार्य सेवा योजना लागू कर सकता है। यह सेवा अधिकार के विरुद्ध नहीं होगी।
  3. 14 वर्ष से कम आयु के बच्चों को कारखानों, खानों या जोखिम भरी नौकरी पर नहीं लगाया जा सकता। वास्तव में उनसे कोई ऐसा कार्य नहीं लिया जा सकता जो उनके विकास में बाधा डाले।

(घ) संवैधानिक उपचारों का अधिकार- संविधान द्वारा नागरिकों को अधिकार प्रदान कर देना ही पर्याप्त नहीं है। इन अधिकारों का सम्मान करना तथा रक्षा करना अधिक महत्त्वपूर्ण है। इसी उद्देश्य से भारतीय संविधान में – संवैधानिक उपचारों के अधिकार की व्यवस्था की गई है। इसके अनुसार यदि कोई राजकीय कार्य नागरिकों के अधिकारों के विरुद्ध हो तो नागरिक उसे अदालत में चुनौती दे सकते हैं। ऐसे कार्यों को न्यायालय असंवैधानिक या रद्द घोषित कर सकते हैं, परन्तु आपात्कालीन घोषणा के दौरान ही इस अधिकार को निलम्बित किया जा सकता है। संविधान का यह प्रावधान खतरनाक और अलोकतान्त्रिक है।

41.

विश्व का सबसे बड़ा और विस्तृत आकार वाला संविधान किस देश का है?

Answer»

विश्व का सबसे बड़ा और विस्तृत आकार वाला संविधान भारत देश का है।

42.

तोते वाले आदमी ने राजा से क्या कहा?

Answer»

तोते वाले आदमी ने राजा से कहा कि महाराज, यह बड़ा होशियार तोता है। आपसे बात भी कर सकता है।

43.

तोते ने राजा के हर प्रश्न का क्या उत्तर दिया?

Answer»

तोते ने राजा के हर प्रश्न का एक ही उत्तर दिया कि इसमें क्या शक है?

44.

ऐसे वाक्यों की रचना करो जिनमें-‘यह’, ‘वह’, ‘इसमें’, ‘उसने’ तथा ‘तुम’ सर्वनाम शब्दों का प्रयोग हुआ हो।

Answer»

यह वह किताब है, जो चाचा जी ने दी थी। इसमें अच्छी-अच्छी बातें हैं। तुम भी मेरी किताब पढ़ो क्योंकि उसने तो यह पढ़ ली है।

45.

ऐसे वाक्यों की रचना करो जिनमें-‘और’, ‘किन्तु’, ‘या’ शब्द का प्रयोग हुआ हो।

Answer»

राम और श्याम घर गए; किन्तु दरवाजा बंद था आवाज लगाने पर माँ या बहन ने दरवाजा खोला।

46.

बिटिया ने बाहर जाने को ‘घर के अन्दर’ क्यों कहा?

Answer»

क्योंकि सारा भारत ही उसका घर है। इस कारण बाहर जाने को बिटिया ने ‘घर के अन्दर’ कहा।

47.

राजा ने तोते को बेवकूफ क्यों कहा?

Answer»

राजा ने तोते को बेवकूफ इसलिए कहा, क्योंकि वह हर बार एक ही बात बोलता था- ‘इसमें क्या शक है।’

48.

अगर पेड़ चलते होते तो किस-किस को कैसी-कैसी परेशानियाँ उठानी पड़ती ?

Answer»

पेड़ों के चलने से लोगों को, पशु-पक्षियों आदि सबको परेशानी हो जाती। पेड़ चलते हुए कहीं दूर निकल जाते और सब उन्हें ढूँढ़ते रह जाते। मनुष्य अपने आँगन या बगीचे में पेड़ लगाता और देखता कि पेड़ बाहर जाकर घूम रहे हैं। उसका पेड़ लगाने का उद्देश्य पूरा नहीं हो पाता, पक्षी अपना घोंसला उस पर बनाते और जब कहीं से वापस आते तो पेड़ को अपने स्थान पर नहीं देखकर सभी परेशान हो जाते।

49.

आपको पता ही है कि पेड़ एक ही जगह पर स्थिर रहते हैं। जड़ें, पेड़ों को मिट्टी में रोके रखती हैं। अगर पेड़ चलते होते तो पेड़ों में क्या-क्या बदलाव होते?

Answer»

पेड़ यदि चलते होते तो उनकी जड़ें जमीन में बहुत गहराई तक नहीं बल्कि जमीन के बाहर ही किसी मजबूत पकड़वाले स्टैण्ड की तरह होती और वे चलते-फिरते नजर आते।

50.

वृक्ष हमारे किस-किस काम आते हैं?

Answer»

वृक्ष हमारे बहुत काम आते हैं। वृक्ष समस्त प्राणियों और जीवधारियों के जीवनरक्षक हैं। ये हमें फल-फूल, चारा, लकड़ी और ईधन देते हैं। ये वर्षा कराने में सहायक होते हैं। ये पर्यावरण सन्तुलित रखने में भी सहायक होते हैं। ये भूमि के कटाव को रोकते हैं। वृक्षों से प्रकृति के सौन्दर्य में वृद्धि होती है। ये सृष्टि के आधार हैं।